गाँव मंच डेस्क, जयपुर भारत ने खाद्यान्न उत्पादन में आत्मनिर्भरता हासिल कर ली है। यह देश की बड़ी उपलब्धि है। अब सरकार अगले चरण की तैयारी कर रही है। इस दिशा में खाद्य प्रसंस्करण और वैल्यू एडिशन को प्राथमिकता दी जा रही है। केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने इस रणनीति को किसानों के भविष्य के लिए अहम बताया। उनका कहना है कि इससे कृषि क्षेत्र को नई मजबूती मिलेगी।
अब फोकस होगा खाद्य प्रसंस्करण पर
- चिराग पासवान ने कहा कि केवल उत्पादन बढ़ाना पर्याप्त नहीं है। अब उत्पादों का बेहतर उपयोग जरूरी है।
- इसके लिए खाद्य प्रसंस्करण और वैल्यू एडिशन पर तेजी से काम किया जाएगा। इससे फलों, सब्जियों और अनाज की गुणवत्ता बेहतर होगी।
- साथ ही उनकी बाजार कीमत भी बढ़ेगी।
- प्रसंस्कृत खाद्य उत्पादों की मांग भी बढ़ेगी। भारतीय उत्पाद वैश्विक बाजार में अधिक प्रतिस्पर्धी बन सकेंगे।
किसानों की आय बढ़ाने की नई रणनीति
- सरकार का उद्देश्य किसानों की आय में स्थायी बढ़ोतरी करना है। इसके लिए आधुनिक प्रसंस्करण इकाइयों को बढ़ावा दिया जाएगा।
- नई तकनीकों का भी उपयोग होगा। इससे किसानों को अपनी उपज का बेहतर मूल्य मिलेगा। फसल की बर्बादी भी कम होगी।
- दूर-दराज के बाजारों तक पहुंच मिलेगी। इससे खाद्य प्रसंस्करण और वैल्यू एडिशन को भी गति मिलेगी।
- कृषि क्षेत्र में नवाचार पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। आधुनिक मशीनों और नई तकनीकों का उपयोग बढ़ेगा।

मजबूत होगा कृषि ढांचा
- सरकार कृषि से जुड़े बुनियादी ढांचे को मजबूत बना रही है। कोल्ड स्टोरेज, वेयरहाउस और आधुनिक परिवहन सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा।
- इससे कृषि उत्पाद सुरक्षित रहेंगे। किसानों कोकृषि क्षेत्र में नवाचार पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। आधुनिक मशीनों और नई तकनीकों का उपयोग बढ़ेगा।
- यह पहल आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को और मजबूत करेगी।
- इससे उत्पादन की गुणवत्ता सुधरेगी। प्रसंस्कृत खाद्य उत्पादों की मांग भी बढ़ेगी। दूर-दराज के बाजारों तक पहुंच मिलेगी।
https://www.investindia.gov.in/sector/food-processing
Edited by- Riddhima


