गाँव मंच डेस्क जयपुर, 17 जनवरी।
राज्य सरकार ने युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक और निर्णायक कदम उठाया है। मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना की गाइडलाइन जारी कर दी गई है, जिससे अब प्रदेश के हजारों युवाओं को स्वरोजगार की राह आसान होने की उम्मीद जगी है। योजना का शुभारंभ मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 12 जनवरी को राज्यस्तरीय युवा महोत्सव के समापन समारोह में किया था।
एक लाख युवाओं को उद्यमी बनाने का लक्ष्य
उद्योग एवं वाणिज्य विभाग के अनुसार मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना का मुख्य उद्देश्य प्रदेश के एक लाख युवाओं को उद्यमी बनाना है। योजना के माध्यम से ऐसे युवाओं को आर्थिक सहयोग दिया जाएगा जो स्वयं का व्यवसाय शुरू करना चाहते हैं, लेकिन पूंजी के अभाव में पीछे रह जाते हैं।
10 लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण
योजना के तहत विनिर्माण, सेवा और व्यापार क्षेत्रों में सूक्ष्म उद्यमों की स्थापना के लिए अधिकतम 10 लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। इस ऋण पर लगने वाले ब्याज का शत प्रतिशत पुनर्भरण राज्य सरकार द्वारा किया जाएगा, जिससे युवाओं पर किसी प्रकार का अतिरिक्त वित्तीय बोझ नहीं पड़ेगा।
मार्जिन मनी और सीजीटीएमएसई शुल्क में भी राहत
उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री कर्नल राज्यवर्धन राठौड़ ने बताया कि युवाओं को केवल ऋण ही नहीं, बल्कि प्रारंभिक खर्चों से राहत देने के लिए 50 हजार रुपये तक की मार्जिन मनी तथा सीजीटीएमएसई शुल्क के पुनर्भरण का भी प्रावधान किया गया है। इससे बैंक ऋण प्राप्त करने की प्रक्रिया और अधिक सरल होगी।

शैक्षणिक योग्यता के अनुसार तय होगी ऋण सीमा
योजना में शैक्षणिक योग्यता के आधार पर ऋण राशि निर्धारित की गई है।
- 8वीं से 12वीं पास युवाओं को सेवा एवं व्यापार क्षेत्र के लिए 3.5 लाख रुपये तथा मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर के लिए 7.5 लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण मिलेगा। साथ ही अधिकतम 35 हजार रुपये की मार्जिन मनी भी दी जाएगी।
- स्नातक, आईटीआई और उच्च योग्यता वाले युवाओं को सेवा एवं व्यापार क्षेत्र के लिए 5 लाख रुपये और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर के लिए 10 लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। इस श्रेणी में 50 हजार रुपये तक की मार्जिन मनी का लाभ मिलेगा।
युवाओं को उद्योगों से जोड़ने की दिशा में पहल
मंत्री कर्नल राज्यवर्धन राठौड़ ने कहा कि राज्य सरकार बड़े निवेश को प्रोत्साहित करने के साथ-साथ प्रदेश के युवाओं को उद्योगों से जोड़ने के लिए निरंतर योजनाएं और नीतियां लागू कर रही है। मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना इसी सोच का परिणाम है, जिससे युवा स्वयं का रोजगार स्थापित कर सकेंगे।
रोजगार सृजन को मिलेगा बढ़ावा
योजना से न केवल युवाओं को आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिलेगा, बल्कि आने वाले समय में इससे लाखों अन्य लोगों के लिए भी रोजगार के नए अवसर सृजित होने की संभावना है। गाइडलाइन जारी होने के बाद अब जल्द ही आवेदन प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
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