गांव मंच डेस्क, जयपुर में स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) 2.0 के तहत कार्यशाला आयोजित हुई। यह आयोजन स्वायत्त शासन विभाग के मीटिंग हॉल में हुआ। इसमें प्रदेशभर की नगरीय निकायों ने सक्रिय भागीदारी निभाई।
स्वच्छ सर्वेक्षण 2026-27 पर विशेष फोकस
- स्वायत्त शासन विभाग के निदेशक प्रतीक जुईकर ने कार्यशाला को संबोधित किया।
- उन्होंने सफल स्वच्छता मॉडलों को साझा करने पर जोर दिया। अधिकारियों ने विभिन्न शहरों के नवाचारों पर चर्चा की।
- इससे प्रदेश में बेहतर स्वच्छता प्रबंधन को बढ़ावा मिलेगा। विभाग ने एकरूपता और प्रभावी निगरानी पर भी बल दिया।
सीकर मॉडल बना आकर्षण का केंद्र
- सीकर मॉडल ने स्थानीय संसाधनों के बेहतर उपयोग का उदाहरण प्रस्तुत किया।
- अपशिष्ट प्रसंस्करण और स्वच्छता संचालन के व्यावहारिक तरीके भी बताए गए।
- अन्य निकायों ने इस मॉडल में विशेष रुचि दिखाई।
ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 की जानकारी
- मास्टर ट्रेनर्स ने प्रतिभागियों को नए नियमों से अवगत कराया। ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 के प्रमुख प्रावधान समझाए गए।
- साथ ही, स्वच्छतम पोर्टल के संचालन का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया।
- अधिकारियों को डेटा अपडेट और ऑनलाइन रिपोर्टिंग की प्रक्रिया सिखाई गई। इससे सर्वेक्षण की तैयारियां अधिक व्यवस्थित होंगी।

प्रतिभागियों ने अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने स्वच्छता प्रबंधन को और प्रभावी बनाने के सुझाव भी दिए। समन्वित प्रयासों से राजस्थान को बेहतर रैंकिंग दिलाने का संकल्प लिया गया।
Edited by- Riddhima


