गांव मंच डेस्क, जयपुर: नॉर्थ वेस्टर्न रेलवे एम्प्लाइज यूनियन (NWREU) ने केंद्रीय रेलवे अस्पताल, जयपुर में धरना दिया। यूनियन ने चिकित्सा सुविधाओं में सुधार और अनियमितताओं के समाधान की मांग उठाई। इस दौरान कर्मचारियों और पेंशनर्स ने अपनी समस्याएं सामने रखीं।
चिकित्सा निदेशक के रवैये पर यूनियन ने जताई नाराजगी
धरने को संबोधित करते हुए यूनियन महामंत्री मुकेश माथुर ने चिकित्सा निदेशक के रवैये पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि समस्याओं का समाधान नहीं होने से यूनियन को यह कदम उठाना पड़ा। उन्होंने इसे संघर्ष की शुरुआत बताया। साथ ही, समस्याएं दूर नहीं होने पर बड़े आंदोलन की चेतावनी दी।

ब्लड बैंक और रेफरल व्यवस्था पर उठे सवाल
यूनियन पदाधिकारियों ने रक्त उपलब्धता और रेफरल प्रक्रिया पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि दूरदराज से आने वाले कर्मचारियों के लिए रक्तदाता जुटाना मुश्किल है। इसलिए सरकारी मानकों के अनुसार पंजीकृत ब्लड बैंकों का रक्त स्वीकार किया जाना चाहिए।

पेंशनर्स की परेशानी और दवाओं की कमी का मुद्दा


- धरने में बुजुर्ग पेंशनर्स को होने वाली परेशानियों पर विशेष चिंता जताई गई।
- वक्ताओं के अनुसार, 70 से 80 वर्ष के पेंशनर्स को घंटों कतार में खड़ा रहना पड़ता है।
- उन्होंने स्थानीय स्तर पर ब्रांडेड दवाएं उपलब्ध नहीं होने का मुद्दा भी उठाया।
Edited by- Riddhima


