गांव मंच डेस्क, नई दिल्ली। बढ़ते डायबिटीज मामलों के बीच लोग चीनी के प्राकृतिक विकल्प तलाश रहे हैं। ऐसे में स्टीविया (Stevia) तेजी से लोकप्रिय हो रहा है। इसे “हर्बल शुगर” भी कहा जाता है, क्योंकि इसकी पत्तियां सामान्य चीनी से कई गुना अधिक मीठी होती हैं, लेकिन इसमें कैलोरी बेहद कम होती है। यही वजह है कि इसे डायबिटीज मरीजों और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक लोगों के लिए बेहतर विकल्प माना जाता है।
अच्छी बात यह है कि स्टीविया को घर की बालकनी, छत, किचन गार्डन या खेत में आसानी से उगाया जा सकता है। थोड़ी देखभाल के साथ यह पौधा लंबे समय तक मीठी पत्तियां देता रहता है।
स्टीविया लगाने के लिए कैसी जगह चुनें
स्टीविया के पौधे की अच्छी वृद्धि के लिए ऐसी जगह का चयन करें जहां प्रतिदिन कम से कम 4 से 6 घंटे धूप आती हो। पौधे को गमले, ग्रो बैग या सीधे जमीन में भी लगाया जा सकता है। इसकी जड़ों को स्वस्थ रखने के लिए अच्छी जल निकासी वाली भुरभुरी मिट्टी सबसे उपयुक्त मानी जाती है।
मिट्टी तैयार करते समय उसमें गोबर की सड़ी हुई खाद, वर्मीकम्पोस्ट या जैविक खाद मिलाने से पौधे की बढ़वार बेहतर होती है।

सिंचाई में रखें खास ध्यान
स्टीविया के पौधे को बहुत ज्यादा पानी की जरूरत नहीं होती। पौधा लगाने के बाद हल्की सिंचाई करें और मिट्टी में नमी बनाए रखें। हालांकि, गमले या क्यारी में पानी जमा नहीं होना चाहिए, क्योंकि इससे जड़ें सड़ सकती हैं। गर्मी के मौसम में जरूरत के अनुसार पानी दें, जबकि सर्दियों में सिंचाई की मात्रा कम रखी जा सकती है।
जैविक खाद और छंटाई से बढ़ेगी बढ़वार
पौधे को स्वस्थ और घना बनाए रखने के लिए हर 20 से 30 दिन में जैविक खाद देना फायदेमंद रहता है। इसके अलावा समय-समय पर सूखी, पीली या कमजोर टहनियों की छंटाई करने से नई शाखाएं निकलती हैं और पत्तियों का उत्पादन बढ़ता है।
सही देखभाल मिलने पर कुछ ही महीनों में स्टीविया की पत्तियां उपयोग के लिए तैयार हो जाती हैं।
कैसे करें इस्तेमाल
स्टीविया की पत्तियों को ताजा या सुखाकर दोनों तरह से इस्तेमाल किया जा सकता है। इसे चाय, कॉफी, हर्बल ड्रिंक, मिठाई और कई घरेलू व्यंजनों में चीनी के विकल्प के रूप में उपयोग किया जाता है। इसकी प्राकृतिक मिठास चीनी की खपत कम करने में मदद करती है।
बढ़ रही है स्टीविया की मांग
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, स्टीविया में कैलोरी बहुत कम होती है, इसलिए यह वजन नियंत्रित रखने और चीनी का सेवन कम करने वालों के बीच लोकप्रिय हो रहा है। यही कारण है कि अब यह पौधा सिर्फ बागवानी का हिस्सा नहीं, बल्कि घरेलू स्वास्थ्य प्रबंधन का भी एक महत्वपूर्ण विकल्प बनता जा रहा है।
अगर आप भी घर पर एक ऐसा पौधा लगाना चाहते हैं जो स्वाद और सेहत दोनों का ख्याल रखे, तो स्टीविया एक बेहतरीन विकल्प साबित हो सकता है।


