गांव मंच, जयपुर। प्रधानमंत्री-राष्ट्रीय कृषि विकास योजना (PM-RKVY) के डीपीआर (DPR) एवं एएपी (AAP) घटकों के अंतर्गत भारत सरकार से वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए प्राप्त प्रथम मदर सैंक्शन की राशि के समुचित उपयोग तथा अनुमोदित गतिविधियों के प्रभावी संचालन के लिए बैठक हुई। शुक्रवार को पंत कृषि भवन स्थित कमेटी रूम में आयुक्त कृषि नरेश कुमार गोयल की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
बैठक में कृषि विभाग की विभिन्न योजनाओं एवं परियोजनाओं से जुड़े सभी योजना एवं परियोजना प्रभारियों, विभागीय अधिकारियों तथा संबंधित एजेंसियों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक का मुख्य उद्देश्य वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए स्वीकृत परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा करना तथा प्राप्त केंद्रीय सहायता राशि का समयबद्ध एवं प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करना रहा, ताकि योजनांतर्गत आगामी मदर सैंक्शन के लिए भारत सरकार से अनुरोध किया जा सके।
बैठक के दौरान वर्ष 2026-27 की वार्षिक कार्य योजना (AAP) एवं विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन (DPR) के अंतर्गत स्वीकृत परियोजनाओं की परियोजना-वार समीक्षा की गई। अधिकारियों ने अनुमोदित राशि, प्राप्त आवंटन, व्यय की वर्तमान स्थिति तथा भौतिक उपलब्धियों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की।
समीक्षा में बताया गया कि भारत सरकार से प्राप्त प्रथम मदर सैंक्शन की कुल राशि 360.22 करोड़ रुपये में से 53 प्रतिशत यानी 190.45 करोड़ रुपये का व्यय किया जा चुका है। आयुक्त कृषि ने सभी परियोजना प्रभारियों को उपलब्ध वित्तीय संसाधनों का निर्धारित समय-सीमा में उपयोग करते हुए स्वीकृत लक्ष्यों की शत-प्रतिशत प्राप्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में योजना के अंतर्गत संचालित निर्माण कार्यों से संबंधित परियोजनाओं की प्रगति पर भी विशेष चर्चा की गई। विभिन्न जिलों में निर्माणाधीन कृषि अवसंरचना, प्रशिक्षण केंद्रों, प्रयोगशालाओं एवं अन्य विकास कार्यों की स्थिति की समीक्षा करते हुए निर्माण कार्यों में अनावश्यक विलंब पर चिंता व्यक्त की गई। संबंधित अधिकारियों को कार्यों में तेजी लाने तथा निर्धारित समयावधि में गुणवत्ता के साथ उन्हें पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।
इसके अलावा वित्तीय वर्ष 2025-26 के दौरान विभिन्न योजनाओं एवं परियोजनाओं के अंतर्गत लंबित देनदारियों एवं भुगतानों की स्थिति की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि लंबित देनदारियों का शीघ्र निस्तारण करते हुए पात्र लाभार्थियों एवं संबंधित एजेंसियों को समय पर भुगतान सुनिश्चित किया जाए, ताकि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो।
नरेश कुमार गोयल ने कहा कि प्रधानमंत्री-राष्ट्रीय कृषि विकास योजना राज्य में कृषि क्षेत्र के समग्र विकास, कृषि अवसंरचना के सुदृढ़ीकरण, आधुनिक तकनीकों के प्रसार तथा किसानों की आय वृद्धि में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। उन्होंने सभी अधिकारियों से योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, नियमित मॉनिटरिंग तथा निर्धारित लक्ष्यों की समयबद्ध पूर्ति सुनिश्चित करने का आह्वान किया।
बैठक में परियोजना-वार कार्य योजनाओं की समीक्षा के साथ आगामी माह की कार्ययोजना पर भी चर्चा की गई तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए।


